नीति आयोग की बैठक: लखपति बिटिया को 1 लाख की गारंटी, अस्पतालों में मुफ्त एमआरआई और सीटी स्कैन
Niti Aayog Meeting – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित नीति आयोग की 11वीं शासी परिषद में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली के विकास के लिए नया विजन पेश किया। उन्होंने बताया कि शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी ढांचे में अप्रत्यक्ष रूप से बदलाव हो रहे हैं।
लखपति बिटिया योजना और छोटी लड़कियों के लिए समर्थन
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार बालिकाओं के आर्थिक सशक्तीकरण के लिए लखपति बिटिया योजना शुरू कर चुकी है। इस योजना के तहत, निश्चित मानकों को पूरा करने वाली बेटियों को उनके 18 वर्ष के जन्मदिन पर 1 लाख रुपये की गारंटी दी जाएगी। उन्होंने आंगनवाड़ियों के कायाकल्प के लिए समर्थ पहल के लॉन्च करने का उल्लेख किया, जो पालना, पोषण और पढ़ाई जैसे छह स्तंभों पर आधारित है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा, “दिल्ली में विकसित अर्थव्यवस्था के लिए नई योजनाएं शुरू कर दी गई हैं।”
महिलाओं के लिए नए पहले और शिक्षा के अपने अभियान
महिलाओं के उत्पादों के लिए रानी हाट (महिला हाट आउटलेट) की व्यवस्था की जा रही है। सार्वजनिक परिवहन में मुफ्त यात्रा के लिए सहेली पिंक कार्ड लॉन्च किया गया है। शिक्षा क्षेत्र में, प्रधानमंत्री ने कहा कि केंद्र से सहयोग के बाद एआई के आधार पर व्यक्तिगत शिक्षा के लिए नई योजनाएं शुरू कर दी गई हैं।
उन्होंने बताया कि सरकारी स्कूलों में कक्षा 9वीं में ड्रॉपआउट दर कम करने के लिए छात्राओं को मुफ्त साइकिल उपलब्ध कराई जा रही है। शैक्षणिक सत्र 2025-26 में 75 सीएम श्री स्कूल खोले गए हैं और 8,777 से अधिक स्मार्ट क्लासरूम बनाए जा चुके हैं।
स्वास्थ्य के नए पहल और नागरिक योजनाएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली सरकार पीपीपी मॉडल के तहत सभी सरकारी अस्पतालों में मुफ्त एमआरआई और सीटी स्कैन की सुविधा प्रदान कर रही है। द्वारका में पहला ब्रेन हेल्थ क्लिनिक और नवजात शिशुओं की निगरानी के लिए अनमोल योजना शुरू की गई है।
“स्वास्थ्य क्षेत्र में नए पहल लॉन्च कर दिए गए हैं।” सीएम रेखा गुप्ता ने कहा।
परिवहन विकास और पर्यावरण संरक्षण
दिल्ली में 1 लाख करोड़ रुपये के रोड इंफ्रास्ट्रक्चर का निर्माण हो रहा है, जिसमें मेट्रो नेटवर्क 500 किलोमीटर तक फैल चुका है। 2027 तक सड़कों पर 5,800 से अधिक ईवी बसें चलाई जाएंगी। यमुना की सफाई के लिए पड़ोसी राज्यों के साथ एक कोऑर्डिनेशन टीम बनाई गई है और 35 नए विकेंद्रीकृत एसटीपी विकसित किए जा रहे हैं।
शहर के लिए 50 वर्षों में पहली बार नया मास्टर ड्रेनेज प्लान लागू कर दिया गया है। इसके अलावा, प्रशासनिक पारदर्शिता के लिए दिल्ली सरकार अब ई-फाइल आधारित प्रणाली का उपयोग कर रही है।
केंद्र से मांग और आग्रह
मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली के पीडब्ल्यूडी इंजीनियरिंग क�
