ट्रंप ईर न स ड ल क में दुविधा: ईरान के परमाणु और होर्मुज विवाद में बड़ी घोषणा
ईर न स ड ल क ल – अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को व्हाइट हाउस में एक बैठक का आयोजन किया, जिसमें ईर न स ड ल क के साथ बरकरार मुख्य विवादों पर बातचीत चल रही थी। ट्रंप की तरफ से विदेश मामलों के विशेषज्ञों के साथ चली बैठक में ईरान के परमाणु योजना और होर्मुज जलमार्ग के नियंत्रण पर चर्चा हुई। दो घंटे तक चले विचारों के बाद भी अंतिम फैसला नहीं लिया गया। बैठक में ईरान के राष्ट्रीय सुरक्षा चिंताओं और अमेरिकी शर्तों पर जोर देने के लिए विशेष ध्यान दिया गया।
ईर न स ड ल क के तहत ईरान के निर्णय लेने की तैयारी
ईरान ने अंतिम सौदा लेने के लिए अमेरिकी शर्तों के बारे में चिंता व्यक्त की। ट्रंप की तरफ से प्रस्ताव रखे गए अनुसार, ईरान को अपने परमाणु तेल बम निर्माण के लिए एक विशेष बातचीत के तहत निर्णय लेने की आवश्यकता है। अमेरिकी अधिकारियों ने घोषित किया कि ट्रंप के निर्देशों के अनुसार ईरान के सामने एक विस्तृत चुनौती रही है। बैठक के दौरान ईर न स ड ल क के विशिष्ट विषयों पर विचार व्यवस्थित रूप से चले।
“ईरान अपने परमाणु बम निर्माण के लिए एक विशेष बातचीत में तैयार है,” ट्रंप ने सोशल मीडिया पर अपने बयान में कहा।
ईरान के पास अभी भी 440.9 किलोग्राम संवर्धित यूरेनियम है, जिसकी शुद्धता 60 प्रतिशत है। ट्रंप की शर्त के अनुसार ईरान को अपनी संवर्धित यूरेनियम के स्टॉक को पूरी तरह नष्ट करना होगा। इसके अलावा, होर्मुज जलमार्ग पर ईरान के बारे में बातचीत चल रही है, जिसके दौरान ईर न स ड ल क के अंतिम फैसले के लिए अमेरिकी विशेषज्ञों के तर्क और रुचि प्रमुखता से बार बार उठाए गए।
होर्मुज जलमार्ग के संकट और ईरान के जवाब
होर्मुज जलमार्ग के नियंत्रण के बारे में ईरान ने दावा किया कि अमेरिका की शर्तें इस सौदा पर ज्यादा बाध्यकारी हैं। ईर न स ड ल क के तहत ईरान को 30 दिनों के भीतर सभी सैन्य जहाजों को रास्ता से हटाना होगा। इस रास्ता के अंतिम निर्णय में ट्रंप की ध्यान आकर्षित करने वाली बात रही कि ईरान विश्व के अधिकांश तेल आयात के लिए इस रास्ते पर आश्रित है।
ईरान की तरफ से प्रस्ताव के अनुसार, परमाणु बम निर्माण के लिए ईर न स ड ल क के साथ एक विशेष अंतरराष्ट्रीय बातचीत की आवश्यकता है। अमेरिकी अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि ईरान अपने निर्णय के लिए विभिन्न विषयों पर निर्धारित शर्तें रखेगा। इस बातचीत के दौरान ट्रंप की तरफ से ईर न स ड ल क के साथ बर्बाद करने की धमकी भी छिपाई �
