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West Bengal: महुआ मोइत्रा का भारी विरोध, काले झंडे दिखाए-अंडे फेंके; टीएमसी सांसद और भाजपा ने क्या कहा?

West Bengal: महुआ मोइत्रा पर भाजपा कार्यकर्ताओं के विरोध की घटना

West Bengal में बुधवार को भाजपा के कार्यकर्ताओं ने टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा के खिलाफ एक शक्तिशाली विरोध प्रदर्शन किया। यह घटना पलाशी इलाके में हुई, जहां मोइत्रा शहीद दिवस कार्यक्रम की तैयारी के दौरान एक बैठक में शामिल होने आई थीं। भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनके खिलाफ काले झंडे दिखाए और अंडे फेंके, जिसमें उनके कृष्णानगर स्थित कार्यालय भी शामिल रहे।

“West Bengal में भाजपा के कार्यकर्ताओं द्वारा अंडा फेंकने वाले हमले के बारे में बता रहे हैं, जिसमें पुलिस के सामने एक ऐसा घटना हुई है।” — Mahua Moitra (@MahuaMoitra) July 1, 2026

महुआ मोइत्रा ने घटना के विवरण के साथ वीडियो शेयर करके राज्य के शासन व्यवस्था की जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनके कार्यालय पर हमला करते हुए अंडे और सब्जियां फेंके। इस घटना में उनकी निजी संपत्ति और सुरक्षा के संबंध में चर्चा की गई।

टीएमसी विधायक बिमान बनर्जी ने इस हमले के बारे में कहा कि अगर एक सांसद अपने चुनाव क्षेत्र में विरोध प्रदर्शन करते हुए विरोध का शिकार होता है, तो यह राज्य के लोकतांत्रिक व्यवस्था को खतरे में डालने वाली कार्यवाही है। उन्होंने अंडे फेंकने वाले घटना पर पुलिस के लिए तुरंत कार्रवाई की आवश्यकता जताई।

ई-मीडिया पर घटना के विवरण

महुआ मोइत्रा की ओर से शेयर किए गए वीडियो में राज्य के नागरिक अधिकारों की रक्षा के बारे में भी चर्चा की गई। इसमें भाजपा कार्यकर्ताओं के बाहरी गतिविधियों की दिशा में पुलिस के दृष्टिकोण की आलोचना की गई। इस घटना के बारे में ट्विटर पर लोगों के राय की भी प्रतिबिंबता देखने को मिली।

टीएमसी के कल्याण बनर्जी ने बताया कि भाजपा के समर्थकों द्वारा राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में अंडे फेंकने की गतिविधियां कानून-व्यवस्था को बर्बाद करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि इस तरह के विरोध के चलते प्रतिद्वंद्वी पार्टियों के नेताओं की सुरक्षा खतरे में पड़ सकती है।

राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में तनाव की चेतावनी

बुधवार को कलकत्ता हाईकोर्ट ने West Bengal सरकार को आदेश दिया था कि वह अंडे फेंके जाने वाले हमलों के मामलों में प्राथमिकी दर्ज कराए। इस आदेश के बाद राज्य में विभिन्न क्षेत्रों में तनाव बढ़ने की आशंका जताई गई। याचिका में विरोध करने वाले लोगों के राज्य के सामाजिक व्यवस्था पर असर पड़ने के बारे में भी चर्चा हुई।

अंडे फेंकने की घटना के बाद टीएमसी ने भाजपा के विरोध को राज्य में राजनीतिक संघर्ष का एक चरम रूप बताया। बुधवार की घटना बताती है कि विपक्ष अपने नेताओं की सुरक्षा के लिए अंडे फेंकने की विधियां उपयोग कर रहे हैं। इसके बारे में पुलिस के लिए एक स्पष्ट निर्देश आवश्यक है।

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