WDMMA Ranking: यूएस-रूस के बाद भारतीय वायुसेना है सबसे ज्यादा ताकतवर, चीन को लगातार पांचवीं बार कैसे पछाड़ा?
WDMMA Ranking: यूएस-रूस के बाद भारतीय वायुसेना तीसरे स्थान पर, चीन को पांचवीं बार पछाड़ा
WDMMA Ranking - वर्ल्ड डायरेक्टरी ऑफ मॉडर्न मिलिट्री एयरक्राफ्ट (WDMMA) की 2026 की रैंकिंग में भारतीय वायुसेना (आईएएफ) अपनी तीसरी स्थिति बरकरार रखते हुए चीन की वायुसेना से आगे रही है। इस बार वैश्विक रैंकिंग में आईएएफ की ताकत के प्रमुख स्तर को दर्शाते हुए, यह पांचवीं बार है जब भारत की वायु शक्ति दुनिया में तीसरे स्थान पर है।
रैंकिंग के मापदंड
रैंकिंग की विधि केवल लड़ाकू विमानों की संख्या पर आधारित नहीं होती। डब्ल्यूडीएमएमए की रैंकिंग बेड़े की संरचना, तकनीकी क्षमता, लॉजिस्टिक समर्थन, आधुनिकीकरण और संचालन के अधिक विस्तार को ध्यान में रखते हुए तैयार की जाती है।
इसमें केवल विमानों की संख्या नहीं, बल्कि बेड़े की संरचना, तकनीकी क्षमता, लॉजिस्टिक समर्थन, आधुनिकीकरण और कुल परिचालन क्षमता को भी आधार बनाया जाता है।
भारतीय वायुसेना के पास वर्तमान में कुल 1,716 विमान हैं, जिनमें 542 लड़ाकू विमान शामिल हैं। इनमें सितंबर 2025 में सेवा से हटाए गए मिग-21 विमानों को भी गिना गया है। वायुसेना के बेड़े में 498 हेलीकॉप्टर और 282 परिवहन विमान भी शामिल हैं।
भारतीय वायुसेना के पास 374 प्रशिक्षण विमान हैं, जिनमें से 325 केवल प्रशिक्षण के लिए उपयोग किए जाते हैं। इसके अलावा 20 विशेष मिशन वाले विमान भी उपलब्ध हैं, जिनमें एयरबोर्न अर्ली वार्निंग सिस्टम और हवाई ईंधन भरने वाले विमान शामिल हैं। इन विमानों के माध्यम से लंबी दूरी तक कार्य करने और निगरानी के लिए संसाधन प्रदान किए जा सकते हैं।
अमेरिकी वायुसेना के संघर्ष एवं वितरण
अमेरिकी वायुसेना के बेड़े में 32% विमान लड़ाकू वर्ग से संबंधित हैं। जब बमवर्षक और क्लोज एयर सपोर्ट विमान को शामिल कर दिया जाता है, तो लड़ाकू विमान बेड़े का लगभग 41% हिस्सा बन जाते हैं। हेलीकॉप्टरों की भागीदारी करीब 4%, परिवहन विमानों की 14% और विशेष मिशन �