मौसम की मार: भारत में आपदाएं, 43 लोग मृत
मौसम की मार से जुड़ी बड़ी बातें
म सम क म र – मौसम की मार के कारण उत्तरी, पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में बाढ़, भूस्खलन और बादल फटने के चलते अलग-अलग राज्यों में कम से कम 43 लोगों की मौत हो चुकी है। मौसम विभाग ने घोषणा की है कि अगले एक हफ्ते तक इस आक्रामक स्थिति बरकरार रहेगी। अधिकारियों के अनुसार, आपदा के कारण लगभग 50 हजार लोग प्रभावित हुए हैं, जबकि देशभर में बिजली गिरने और ट्रेन रूट के बाधा जैसे नुकसान की रिपोर्ट आ रही है। मौसम की मार से जुड़े क्षेत्रों में आपातकालीन स्थिति बनी हुई है।
जम्मू-कश्मीर में बाढ़ और भूस्खलन की विशेष विपत्ति
शनिवार की रात राजौरी और पुंछ जिलों में मौसम की मार के कारण बादल फटने से भीषण बाढ़ आई, जिसमें दर्जनों वाहन बह गए। इस बाढ़ के कारण लोगों की आवाजाही पूर्ण रूप से बरकरार रही, लेकिन न्यू बस अड्डे के पास ढहे वाहनों के कारण रास्ते बंद हो गए हैं। मौसम की मार से जुड़े इलाकों में कई घरों और संस्थानों को नुकसान हुआ है। राजौरी जिला के कुछ गांवों में लोग निर्वासित हुए हैं।
मौसम की मार से जुड़ी सभी घटनाओं में जम्मू-कश्मीर के पुंछ और राजौरी में 12 लोगों की मौत हो गई, जबकि 8 लोग अब भी लापता हैं। नगालैंड और असम के क्षेत्र में मौसम की मार के कारण जलभराव और भूस्खलन की विपत्ति ने आपातकालीन अवस्था बना दी है।
उत्तराखंड में बारिश और भूस्खलन के कारण आपदा
हरिद्वार में मौसम की मार से जुड़ी बारिश के का�
