वैशाली नाव हादसा: मौत का ऐसा मंजर कि रो पड़ीं डीएम, एक घर से सात बच्चों के शव उठे, दूसरे से पांच; मची चीत्कार
Indianewslive247.com – व श ल न व ह दस - वैशाली जिले के राघोपुर थाना क्षेत्र की रामपुर श्यामचंद पंचायत में मंगलवार रात हुए नाव हादसे ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया। इस दर्दनाक घटना के बाद गांव-गांव में मातम पसरा है। भोज खाने के लिए निकले 13 मासूमों की डूबने से मौत हो गई। हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि एक ही गांव से एक साथ कई बच्चों की अर्थियां उठीं। हर तरफ चीख-पुकार मची है और गांव के घरों में चूल्हे तक नहीं जले हैं। वहीं, अस्पताल में मृतक बच्चों के परिजनों का दर्द देखकर जिलाधिकारी वर्षा सिंह भी खुद को संभाल नहीं पाईं। वह परिजनों के गले लगकर रोने लगीं। इस दृश्य को देखकर वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। एक घर से उठीं सात अर्थियां, दूसरे परिवार के पांच बच्चों की मौत इस हादसे का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि इसने कई परिवारों को उजाड़ दिया। जानकारी के अनुसार, एक ही घर से सात मासूम बच्चों के शव उठे, जबकि दूसरे घर से पांच बच्चियों की मौत हो गई। तीसरे घर के एक बच्चे की भी जान चली गई। एक साथ इतनी अर्थियां उठने से रामपुर श्यामचंद गांव में मातम छा गया है। जिन घरों में कुछ समय पहले तक खुशियां थीं, वहां अब अपनों को खोने का गम है। पूरे गांव में चीख-पुकार मची हुई है और शोक के कारण घरों में चूल्हे तक नहीं जले हैं। भोज खाने जा रहे थे करीब 20 लोग, बीच ढाब में पलटी जर्जर नाव बताया जाता है कि रामपुर श्यामचंद पंचायत के भगतान टोला स्थित माता महारानी स्थान के पास सिंघेश्वर राय के यहां भोज का आयोजन किया गया था। गांव के करीब 20 लोग एक छोटी और जर्जर नाव पर सवार होकर ढाब के उस पार भोज खाने जा रहे थे। नाव जैसे ही बीच ढाब में पहुंची, ओवरलोड होने और जर्जर स्थिति के कारण अनियंत्रित होकर पलट गई। देखते ही देखते नाव पर सवार लोग गहरे पानी में डूबने लगे। हादसे की सूचना मिलते ही रामपुर श्यामचंद पंचायत और आसपास के गांवों के सैकड़ों लोग घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े। रात के अंधेरे में ग्रामीण मोबाइल की रोशनी के सहारे बचाव कार्य में जुट गए। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद स्थानीय लोगों ने पानी से सभी लोगों को बाहर निकाला और आनन-फानन में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी), राघोपुर फतेहपुर पहुंचाया। पीएचसी में मची अफरा-तफरी, 13 लोगों को मृत घोषित किया गया नाव हादसे के बाद पीएचसी राघोपुर फतेहपुर में अफरा-तफरी मच गई। घायलों और मृतकों को अस्पताल लाए जाने के बाद परिसर में भारी भीड़ जमा हो गई। कुल 17 लोगों को अस्पताल पहुंचाया गया था, जहां डॉक्टरों ने 13 लोगों को मृत घोषित कर दिया। वहीं, तीन गंभीर घायलों को बेहतर इलाज के लिए पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल (पीएमसीएच) रेफर किया गया। घटना की जानकारी मिलने के बाद बिदुपुर, मोहनपुर और हाजीपुर से कई एंबुलेंस मौके पर पहुंचीं। जिलाधिकारी वर्षा सिंह और वरीय पुलिस अधीक्षक शुभांक मिश्रा भी आला अधिकारियों के साथ अस्पताल पहुंचे। इस दौरान अस्पताल में मृतक बच्चों के परिजनों की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो गया। सात बच्चियों के शवों से लिपटकर रो रही थी मां, परिजनों को संभाल नहीं पाईं डीएम अस्पताल में एक मां अपनी सात बच्चियों के शवों से लिपटकर रो रही थी। अपने बच्चों को खोने के गम में डूबी मां की हालत देखकर जिलाधिकारी वर्षा सिंह भी भावुक हो गईं। वह खुद को रोक नहीं पाईं और मृतक बच्चों के परिजनों के गले लगकर रोने लगीं। डीएम को इस तरह भावुक देखकर वहां मौजूद लोगों की आंखें भी भर आईं। हादसे ने न सिर्फ प्रभावित परिवारों, बल्कि पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है। अंचल प्रशासन के खिलाफ ग्रामीणों में आक्रोश इस दर्दनाक घटना को लेकर ग्रामीणों में अंचल प्रशासन के खिलाफ भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि अंचल प्रशासन की ओर से उपलब्ध कराई गई नाव जर्जर हालत में थी। इसी वजह से नाव हादसे का शिकार हुई और इतने लोगों की जान चली गई। मृतकों की पहचान हादसे में जान गंवाने वाले सभी लोग रामपुर श्यामचंद गांव के रहने वाले बताए गए हैं। मृतकों की पहचान पिंकी (13 वर्ष), अंगिता (6 वर्ष), सुनीता (13 वर्ष), अमृता (16 वर्ष), अलीशा (18 वर्ष), सिंकी (16 वर्ष), भोणू कुमारी (12 वर्ष), मीरा (12 वर्ष), नमन (10 वर्ष), सोनम (11 वर्ष), मोहन (14 वर्ष) और विपुल (13 वर्ष) के रूप में हुई है।
Related Reading
Frequently Asked Questions
What is व श ल न व ह दस?व श ल न व ह दस is the main topic of this guide. The article explains the context, practical details, and next steps readers should understand.
Why does व श ल न व ह दस matter?व श ल न व ह दस matters because readers are looking for a useful answer, not just a short summary. Good content should match search intent and help them decide what to do next.