लखीमपुर खीरी: सुप्रीम कोर्ट ने आशीष मिश्रा की याचिका खारिज की
Indianewslive247.com – लख मप र ख र ह स – लख मप र ख र ह हिंसा मामले में मुख्य आरोपी आशीष मिश्रा को फिलहाल राहत नहीं मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को उनकी याचिका पर विचार करते हुए इसे खारिज कर दिया। इस याचिका में मिश्रा ने अपनी जमानत शर्तों में ढील और पैरोल बढ़ाने की अपील की थी। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहन की संयुक्त पीठ ने इस प्रार्थना को अस्वीकार कर दिया।
याचिका में क्या मांग की गई थी?
आशीष मिश्रा के वकील ने अदालत के समक्ष तर्क दिया कि मौजूदा जमानत शर्तों के कारण वह अपने परिवार के महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में भाग नहीं ले पा रहे हैं। उन्होंने बताया कि मिश्रा अपनी बेटियों के जन्मदिन सहित अन्य पारिवारिक आयोजनों से भी वंचित रह रहे हैं। इसी आधार पर जमानत शर्तों में और राहत देने की अपील की गई थी।
सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने स्पष्ट किया कि फिलहाल इस प्रार्थना पर विचार करने का कोई आधार नहीं है। आवेदन खारिज किया जाता है।
लखीमपुर खीरी हिंसा की पृष्ठभूमि
यह घटना 3 अक्टूबर 2021 को उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के टिकुनिया गांव में घटी थी। उस समय किसान तत्कालीन उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के दौरे का विरोध कर रहे थे। इसी दौरान हिंसा भड़क गई, जिसने पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींचा।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, इस घटना में कुल आठ लोगों की मौत हुई थी। चार किसानों को एक स्पोर्ट्स यूटिलिटी व्हीकल (एसयूवी) से कुचल दिया गया था। इसके बाद भड़की हिंसा में वाहन चालक, भाजपा के दो कार्यकर्ताओं और एक पत्रकार की भी जान चली गई थी।
आशीष मिश्रा की भूमिका
आशीष मिश्रा इस मामले के प्रमुख आरोपियों में शामिल हैं और उनके खिलाफ अदालत में मुकदमा चल रहा है। इसी मामले में उन्हें पहले जमानत मिली थी, जिसकी शर्तों में और राहत देने की मांग को अब सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
लखीमपुर खीरी हिंसा में कितने लोग मारे गए थे? इस घटना में कुल आठ लोगों की मौत हुई थी, जिनमें चार किसान, एक वाहन चालक, दो भाजपा कार्यकर्ता और एक पत्रकार शामिल थे।
आशीष मिश्रा को कब जमानत मिली थी? आशीष मिश्रा को इस मामले में पहले ही जमानत मिली थी, लेकिन उनकी जमानत शर्तों में ढील देने की याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया है।
लखीमपुर खीरी हिंसा कब और कहाँ घटी? यह घटना 3 अक्टूबर 2021 को उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के टिकुनिया गांव में घटी थी, जब किसान केशव प्रसाद मौर्य के दौरे का विरोध कर रहे थे।
सुप्रीम कोर्ट ने आशीष मिश्रा की याचिका क्यों खारिज की? सुप्रीम कोर्ट ने याचिका खारिज की क्योंकि फिलहाल जमानत शर्तों में ढील देने या पैरोल बढ़ाने का कोई पर्याप्त आधार नहीं मिला।
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